हो सकता है इनमें से कुछ हिन्दी चुटकुले आप पहली बार पढ़ रहे हों | तो पढ़िये और आनन्द लिजिये हिन्दी जोक्स का | कुछ नए हिन्दी चुटकुले: सरदार जी ने आधे रास्ते में अपना लंच बाक्स खोल कर देखाः क्यूं की उनको ये पता करना था कि वे दफ्तर जा रहे हैं या वहां [...]
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कुछ नए हिन्दी चुटकुले
September 18th, 2011 · 1 Comment · हास्य
Tags: कुछ नए हिन्दी चुटकुले·चित्रगुप्त यमराज के चुटकुले·जोक्स·सरदार जी के चुटकुले·हिन्दी चुटकुले·हिन्दी जोक्स
झील भरवा री प्रार्थना
May 18th, 2010 · 1 Comment · राजसमन्द जिला, शख्सियत, हास्य
राजसमन्द झील जिसका की जलस्तर दिन पर दिन कम होता जा रहा है ! इस व्यथा को शब्दो में पिरोया है यहां के ही एक शख्स नें ! राजसमंद के एक बहुत ही ख्यात युवा कवि सुनिल जी “सुनिल” नें अपनी बहुत ही उम्दा रचना भेजी है ! जो इस प्रकार है ! झील भरवा री [...]
Tags: कवि सुनिल जी "सुनिल"·झील·द्वारकानाथ·युवा·राजसमन्द झील·सुनील जी सुनील·हास्य कवि सुनिल
चंद हिन्दी चुटकुले जो शायद आप ने ना सुने हो
December 15th, 2009 · 69 Comments · हास्य
चंद हिन्दी चुटकुले जो शायद आप ने ना सुने हो लिजिये कुछ हिन्दी चुटकुले प्रस्तुत है जो शायद आपके चेहरे पर मुस्कान ला सके, इनमें से कुछ एसे हो सकते हैं, जो अब तक शायद आप ने नहीं सुने हो । हिन्दी चुटकुले प्रश्नः आप एक पतली दुबली सुखक्ड, लोमडी को हथिनि कैसे बना सकते [...]
शादी के सपने
April 20th, 2009 · No Comments · उलझन, नई खबरें, हास्य
आमतौर पर हर व्यक्ती की शादी जीवन में एक बार ही होती है । लोग यह कहते हैं कि शादी एक एसा लड्डु है जो खाये वो पछताए और जो ना खाये वो भी पछताए । तो कुछ शादी को एक बर्बादी कहते हैं । कोई शादी के सपने देखता है, तो कोई शादी से [...]
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हार्न ओ. के. प्लीज
April 16th, 2008 · 2 Comments · आपबीती, उलझन, नई खबरें, हास्य
टाईटल पढ़ते ही चौंक गए ना ! आप सों रहे होगें की फिर से कोई ट्रक या बस से सबंधित बात होगी पर एसा नहीं है । अक्सर ट्रकों के पीछे लिखे ये टाईटल “हार्न ओ. के. प्लीज“ सभी को याद आते हैं । आज शाम को स्कूटर से चक्की तक जाते जाते कुछ घटना [...]
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में राजसमन्द से ही एक साधारण व्यवसायी युवक हूं, 1997 में मुझे कम्प्यूटर और नई तकनीकी आदि के बारे में जानने का मौका मिला तभी से हमेशा कुछ ना कुछ सीखने की कोशिश करता हूं | इसी क्रम में राजसमन्द के बारे में सम्पूर्ण जानकारी देने वेबसाईट, वह भी हमारी सरल सुलभ हिन्दी भाषा में बनाने का