राजसमन्द से एक हिंदी वेबसाईट – Rajsamand District of Rajasthan

राजसमन्द जिले के प्रमुख दर्शनीय स्थल, ए॓तिहासिक पर्यटन स्थल, मंदिर, किले, मुख्य त्योहार एवं व्यवसाय आदि की विस्तृत जानकारी, साथ ही हर घटना को देखने का लेखक का अपना व्यक्तीगत व्यंग्यात्मक नजरिया आज की इस तिरछी दुनिया के सन्दर्भ में…

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Entries Tagged as 'आपबीती'

आम शहरी और ट्रेफिक के नियम

November 14th, 2010 · 2 Comments · आपबीती, उलझन

क्या किसी ने केसरिया रंग के मफलरनुमा कपडे गले में डाल लिये तो वह भगवान का दूत हो गया है ? क्या कोई रेली निकालने वालों के लिये सडक के ट्रेफिक नियम कुछ भी नहीं ? क्या किसी को हक है कि वह राह चलते किसी भी आम शहरी को धौंस के साथ बाजू में [...]

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राजसमंद में भूकंप के झटके

November 10th, 2010 · No Comments · आपबीती, नई खबरें

जी हां आज दिनांक 10-11-2010 को सुबह 4.15 पर जब पूरा शहर सुबह की गहरी नींद में सो रहा था, तब अचानक सब कुछ हिलने लगा, जमीन कांपने लगी और यह सब कुछ हुआ बडी तेजी से, लोग पहचान भी नहीं पाये कि यह भूकंप है या कुछ और ! बाद में यह पता चला [...]

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सडक की कुछ घटनाएं

August 18th, 2010 · 1 Comment · आपबीती, लघु कहानियां

सडक पर चलना आजकल उतना जरुरी है जितना कि खाना खाना, नहाना या काम काज करना ! सडक पर हर आदमी को चलना पडता है चाहे वह कोई सादा सा साधारण मामूली आम आदमी हो या फिर खासमखास ! और आबादी मे अव्वल होने कि वजह से सडक पर ट्राफिक में चलना आसान नहीं रहा, [...]

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जानिये मेरी एक और हाबी – पक्षी प्रेम

May 26th, 2010 · No Comments · आपबीती, राजसमन्द जिला

काकंरोली के एरिगेशन पाल पर मुझे घुमना बहुत पसंद है, और यहां तेज हवा में कौवे जो करतब करते हैं वो तो गजब है ! बचपन से ही यह मुझे जगह विशेष रुप से प्रिय है, यहां की सुबह, यहां की शामें, यहां रोजाना रूटिन से आने वाले छोटे, बडे व बुजुर्ग लोग सभी ! [...]

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उम्मीद

April 9th, 2010 · 2 Comments · आपबीती

एक बार मेरे एक हमउम्र मित्र मेरे कार्यस्थल पर आये ! हम अक्सर मिलते थे, बातें करते थे, और पुराने दोस्त थे । मुझसे उन्होने एक सामान का रेट पूछा, वो चीज उनको चाहिये थी । मित्र होने के नाते, मेनें उनको एक दम वाजिब से वाजिब भाव बताया उस वस्तु का ! मित्र ने [...]

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